Independence Day 2021 Fourth Class Employee Hoisted National Flag In Front Of Commissioner Varanasi – स्वतंत्रता दिवस: वाराणसी में कमिश्नर के सामने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी ने फहराया तिरंगा, ईमानदारी से काम का मिला सम्मान

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: हरि User
Updated Sun, 15 Aug 2021 09:35 PM IST

सार

स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ पर सभी कार्यालयों और शैक्षणिक संस्थाओं में ध्वाजारोहण किया गया। कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि ईमानदारी से काम करने वाले हर कर्मचारी को सम्मान मिले, उनकी यही प्राथमिकता है।

कमिश्नरी में स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण।
– फोटो : सूचना विभाग।

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वाराणसी में स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ पर सभी कार्यालयों और शैक्षणिक संस्थाओं में ध्वाजारोहण किया गया। वहीं कमिश्नरी में कमिश्नर के सामने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी ने ध्वजारोहण किया। कमिश्नर ने कर्मचारी को अपने बगल बैठाया और बाद में उन्हें सम्मानित भी किया।

बता दें कि विगत वर्ष भी कमिश्नर ने कोरोना योद्धाओं के सम्मान में नर्स से ध्वाजारोहण कराया था। कमिश्नर दीपक अग्रवाल की इस मिसाल को लोगों ने सराहा है। समाज में फैली अफसरशाही की धारणा को छोड़ते हुए एक बार फिर उन्होंने अपने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी राजपत राम से कमिश्नरी में ध्वजारोहण कराया। 

कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि ईमानदारी से काम करने वाले हर कर्मचारी को सम्मान मिले, उनकी यही प्राथमिकता है। कमिश्नर ने इस अवसर पर राजपत राम को अंगवस्त्र पहनाकर और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया। कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि चाहे कोई चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हो या अधिकारी। अगर वह अपने दायित्व को निभा रहा है तो उसमें कोई भेदभाव नहीं है। सभी को साथ लेकर देश को आगे बढ़ाना है। 

कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि एक समय था कि जब हम किताबों में पर्यावरण को दूषित होने व क्लाइमेट चेंज के विषय में पढ़ते थे। लेकिन, आज हम अपने जीवन में इसकी प्रतिक्रिया व परिणाम भुगत रहे हैं। इसके निवारण के लिए सब यही सोच रहे हैं कि कौन सबसे पहला कदम उठाए। उन्होंने कहा कि हम लोग यही समझते हैं कि शायद हम इससे नहीं लड़ सकते। लेकिन, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आजादी की लड़ाई से सीख लें। सोचें कि उस समय भी कुछ लोग यही मानते रहे होंगे कि इतनी बड़ी हुकूमत को हराया कैसे जा सकता है। लेकिन, हमारे स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों ने ब्रिटिश हुकूमत के दांत खट्टे कर दिए। भारत मां को गुलामी की जंजीर से आजाद कराया।

बता दें कि कमिश्नर दीपक अग्रवाल कर्मचारियों के हौसला अफजाई का कोई अवसर नहीं छोड़ते। यह पहला मौका नहीं था जब उन्होंने अपने कार्यालय में दफ्तरी के पद पर कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी राजपत राम से ध्वजारोहण करवाया हो। इससे पूर्व राष्ट्रीय पर्व पर कमिश्नरी में जहां सफाई कर्मी चंदा देवी से ध्वजारोहण किया था, तो कोरोनाकाल में राष्ट्रीय पर्व पर एएनएम ने तिरंगा फहराया था। राजपत राम कमिश्नरी में चतुर्थ श्रेणी के दफ्तरी पद पर तैनात हैं। वे 31 अगस्त 2022 को सेवानिवृत्त होंगे। कमिश्नरी के कर्मचारियों के अनुसार, सौम्य व उदार स्वभाव वाले राजपत राम की जिम्मेदारी कमिश्नरी ऑडिटोरियम व मीटिंग हॉल की साफ-सफाई व मीटिंग आदि की व्यवस्था की है।

विस्तार

वाराणसी में स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ पर सभी कार्यालयों और शैक्षणिक संस्थाओं में ध्वाजारोहण किया गया। वहीं कमिश्नरी में कमिश्नर के सामने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी ने ध्वजारोहण किया। कमिश्नर ने कर्मचारी को अपने बगल बैठाया और बाद में उन्हें सम्मानित भी किया।

बता दें कि विगत वर्ष भी कमिश्नर ने कोरोना योद्धाओं के सम्मान में नर्स से ध्वाजारोहण कराया था। कमिश्नर दीपक अग्रवाल की इस मिसाल को लोगों ने सराहा है। समाज में फैली अफसरशाही की धारणा को छोड़ते हुए एक बार फिर उन्होंने अपने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी राजपत राम से कमिश्नरी में ध्वजारोहण कराया। 

कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि ईमानदारी से काम करने वाले हर कर्मचारी को सम्मान मिले, उनकी यही प्राथमिकता है। कमिश्नर ने इस अवसर पर राजपत राम को अंगवस्त्र पहनाकर और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया। कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने कहा कि चाहे कोई चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हो या अधिकारी। अगर वह अपने दायित्व को निभा रहा है तो उसमें कोई भेदभाव नहीं है। सभी को साथ लेकर देश को आगे बढ़ाना है। 


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